Betting की Craving कैसे रोकें: 'बस एक बार और' वाले 20 मिनट में क्या करें
वो पल जब मन खेलने को करता है
रात के 11 बजे हैं। Salary आए दो दिन हुए हैं, या match चल रहा है, या आज दिन ख़राब गया। तभी दिमाग़ में वही आवाज़ आती है: "बस एक बार, छोटा सा, फिर बंद।"
Recovery में सबसे मुश्किल यही पल होता है, पर यह हमेशा नहीं रहता। यह लेख उन्हीं कुछ मिनटों को पार करने के बारे में है।
Craving एक लहर की तरह आती और जाती है
अगर आप उस पर अमल न करें, तो craving बढ़ती है, चोटी पर पहुँचती है और फिर उतरने लगती है। उस वक्त ऐसा लगता नहीं। लगता है कि जब तक खेलेंगे नहीं, यह बेचैनी जाएगी नहीं।
असल में अक्सर उल्टा होता है। हर बार खेल लेने से अगली लहर और ऊँची आती है, और हर बार रुक जाने से अगली लहर थोड़ी कमज़ोर पड़ती है। इसलिए कोशिश यह नहीं कि craving कभी आए ही नहीं। कोशिश यह है कि लहर उतरने तक आप टिके रहें।
Craving आने पर 20 मिनट का तरीका
इसे इसी क्रम में कीजिए।
पहले 2 मिनट: रुकिए और उसे नाम दीजिए
मन में या ज़ोर से कहिए: "यह craving है, एक लहर है, और यह उतरेगी।" नाम दे देने से आप उसमें बहने के बजाय उसे थोड़ी दूरी से देख पाते हैं।
मिनट 2 से 5: जगह बदलिए, फ़ोन दूर रखिए
कमरे से बाहर निकलिए और वहाँ जाइए जहाँ और लोग हों। फ़ोन दूसरे कमरे में रख दीजिए या किसी को पकड़ा दीजिए। अकेले में, हाथ में फ़ोन के साथ, craving सबसे तेज़ होती है।
मिनट 5 से 10: शरीर को शांत कीजिए
धीमी साँस लीजिए: 4 गिनती में अंदर, 6 गिनती में बाहर, 10 बार। साँस वाला page खोल लेंगे तो वो साथ में गिनती करता है। ठंडा पानी पी लीजिए, और भूख लगी हो तो कुछ खा लीजिए।
मिनट 10 से 20: किसी से बात कीजिए या हाथ व्यस्त रखिए
किसी दोस्त, भाई या पत्नी को call कर लीजिए। इतना कह देना काफ़ी है कि "मुझे अभी खेलने का मन हो रहा है।" कोई न मिले तो OddsOff पर VERA को लिखिए। या फिर टहलने निकल जाइए, बर्तन धो लीजिए, कुछ push-ups कर लीजिए। मक़सद बस इतना है कि हाथ-पैर किसी काम में लगे रहें।
20 मिनट बाद: फिर देखिए
ज़्यादातर बार तब तक लहर काफ़ी नीचे आ चुकी होती है। अगर अब भी तेज़ है, तो 20 मिनट और यही कीजिए। हर बार जब आप एक लहर पार करते हैं, अगली थोड़ी कमज़ोर आती है।
अपने triggers पहचानिए
ज़्यादातर cravings अचानक नहीं आतीं, किसी ख़ास हालात में आती हैं:
- पैसा आने पर, जैसे salary, कोई payment, या UPI में बड़ी रकम
- Match के दिन और IPL season में
- रात को अकेले, ख़ासकर bed में फ़ोन के साथ
- नुकसान के बाद ("वापस लाना है"), या जीत के बाद ("आज किस्मत अच्छी है")
- गुस्सा, अकेलापन, थकान, ऊब या शर्म महसूस होने पर
- कुछ ख़ास लोगों या groups के साथ, जैसे दोस्त जो खेलते हैं, या Telegram channels
पिछली 3 बार जब आपने खेला था, तब क्या चल रहा था? लिख लीजिए। आपके 2-3 मुख्य triggers वहीं दिख जाएँगे।
पहले से तय कर लीजिए: अगर ऐसा हुआ, तो मैं यह करूँगा
Craving के बीच ठीक से सोचना मुश्किल होता है, इसलिए फ़ैसले पहले से लिख लीजिए:
- अगर salary आए, तो उसी दिन बड़ा हिस्सा अलग account में या परिवार के पास रख दूँगा।
- अगर IPL match हो, तो परिवार या दोस्तों के साथ देखूँगा, और फ़ोन दूसरे कमरे में charging पर रहेगा।
- अगर रात को नींद न आए, तो फ़ोन कमरे से बाहर रखूँगा और किताब, गाना या साँस वाला page लूँगा।
- अगर नुकसान वापस लाने का ख़याल आए, तो अपना कुल नुकसान एक बार देखूँगा और किसी को बताऊँगा।
ये लाइनें phone के wallpaper पर या notes में रख लीजिए।
खेलने का रास्ता ही मुश्किल बना दीजिए
जब खेलना मुश्किल हो, तो craving को हराना आसान हो जाता है।
- सभी betting apps delete कीजिए और sites के bookmarks हटा दीजिए।
- Kavach लगाइए। यह फ़ोन पर ज़्यादातर betting sites और apps block करता है, मुफ़्त है और 5 मिनट में लग जाता है।
- UPI की daily limit कम कीजिए और card पर online transactions बंद कर दीजिए।
- Agents और VIP managers को block कीजिए, signal groups छोड़ दीजिए।
- कुछ महीनों के लिए पैसों का नियंत्रण किसी भरोसेमंद इंसान के साथ बाँट लीजिए।
हर रुकावट craving और खेलने के बीच कुछ मिनट जोड़ देती है, और लहर उन्हीं मिनटों में उतरती है।
अगर फिर खेल बैठे
ऐसा होता है। उस वक्त ख़ुद को कोसेंगे तो अगला दाँव और जल्दी लगेगा, क्योंकि मन कहता है "अब तो वैसे भी बिगड़ गया।"
उसकी जगह उसी दिन ये चार काम कीजिए:
- आज के लिए वहीं रुक जाइए।
- किसी को बता दीजिए।
- लिख लीजिए कि कितना गया, किस trigger से शुरू हुआ और किस रास्ते से वहाँ पहुँचे।
- वो रास्ता बंद कर दीजिए, चाहे नया app हो, नया link या नया number।
एक फिसलन से पूरी मेहनत ख़त्म नहीं होती। शुरुआती हफ़्ते कैसे होते हैं, यह जुआ छोड़ने के बाद क्या होता है में पढ़िए।
OddsOff में इसी पल के लिए क्या है
OddsOff में "अभी मन कर रहा है" बटन ठीक इसी पल के लिए बनाया गया है। उसे दबाने पर craving की लहर पार करने में मदद मिलती है, आपका अपना सुरक्षा plan सामने आता है, और आप VERA (AI साथी) से रात 3 बजे भी बात कर सकते हैं। यह मुफ़्त है, नाम नहीं पूछता और हिंदी में है।
यहाँ से OddsOff मुफ़्त शुरू कर सकते हैं.
अगर craving के साथ बहुत उदासी है या ख़ुद को नुकसान पहुँचाने के ख़याल आ रहे हैं, तो अभी Tele-MANAS 14416 पर call कीजिए (24 घंटे, मुफ़्त)।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Betting की craving कितनी देर रहती है?
Craving लहर की तरह चढ़ती है और फिर उतरती है। उस वक्त लगता है कि यह हमेशा रहेगी, पर अगर आप उस पर अमल न करें और ध्यान कहीं और लगाएँ, तो कुछ मिनटों में उसकी तेज़ी कम होने लगती है। 20 मिनट रुकने का नियम इसी पर टिका है।
Craving आए तो सबसे पहले क्या करूँ?
Betting app या site तक पहुँचना मुश्किल बनाइए, जगह बदलिए (कमरे से बाहर, किसी के पास चले जाइए) और 20 मिनट का timer लगा दीजिए। उस बीच किसी को call कीजिए, धीमी साँस लीजिए, या कुछ खा-पी लीजिए।
किन वक्तों पर craving ज़्यादा आती है?
आम तौर पर salary या पैसा आने के दिन, IPL या बड़े match के समय, रात को अकेले में, नुकसान या जीत के ठीक बाद, और थकान, गुस्से, अकेलेपन या भूख में। अपने triggers लिख लेंगे तो उनके लिए पहले से plan बना पाएँगे।
मैं फिर खेल बैठा, क्या सब ख़त्म?
नहीं। फिसलन recovery का हिस्सा हो सकती है। ज़रूरी यह है कि आप जल्दी रुकें: उसी दिन किसी को बताइए, नुकसान लिखिए, और जिस रास्ते से वहाँ पहुँचे उसे बंद कीजिए।
क्या मुझे doctor या counsellor से मिलना चाहिए?
अगर बार-बार कोशिश के बाद भी नहीं रुक पा रहे, या मन बहुत उदास या बेचैन रहता है, तो हाँ। Tele-MANAS 14416 पर मुफ़्त सलाह मिलती है, और वो आपको आपके इलाके की सेवा से भी जोड़ सकते हैं।
संकट में हैं? अभी मदद लें।